मौसम विभाग ने आज के लिए एक महत्वपूर्ण अलर्ट जारी किया है। हवाओं के ट्रफ और चक्रवाती प्रसार के कारण कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। तेलंगाना में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तूफानी हवाओं के साथ भारी बारिश का अनुमान है, जबकि उत्तरी मध्य महाराष्ट्र और उसके आसपास के क्षेत्रों में भी बारिश की गतिविधियां जारी हैं।
चक्रवाती प्रसार और हवाओं का ट्रफ
कल दक्षिण छत्तीसगढ़ पर बना चक्रवाती प्रसार अब उत्तरी मध्य महाराष्ट्र तक पहुंच गया है, जिससे उत्तरी बांग्लादेश तक हवाओं का ट्रफ सक्रिय है। इन मौसमीय गतिविधियों के चलते, झारखंड, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, सौराष्ट्र और कच्छ के विभिन्न क्षेत्रों में भारी बारिश दर्ज की गई। पश्चिम बंगाल के कई इलाकों में जलभराव और बाढ़ जैसे हालात भी बन गए हैं।
उत्तराखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश में अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम, बिहार, कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र और गुजरात के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। इन क्षेत्रों में 12 सेमी (120 मिमी) से अधिक वर्षा होने का अनुमान है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी मध्य प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी सात सेमी (70 मिमी) तक बारिश हो सकती है।
तेलंगाना में तूफानी हवाएं
तेलंगाना में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने की संभावना है, जिससे बादलों के बरसने की आशंका जताई जा रही है। इसके अलावा, जम्मू और कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, विदर्भ और छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में भी बारिश और वज्रपात होने की संभावना है।
समुद्री इलाकों में तूफान का खतरा
मौसम विभाग ने समुद्री इलाकों के लिए भी चेतावनी जारी की है। दक्षिण गुजरात, उत्तर महाराष्ट्र तट, मन्नार की खाड़ी, श्रीलंका तट, और बंगाल की खाड़ी में 35 से 45 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। पश्चिमी अरब सागर, सोमालिया तट और पश्चिम-मध्य अरब सागर में हवाएं 65 किमी प्रति घंटे की गति तक पहुंच सकती हैं।
मछुआरों को समुद्री इलाकों में मछली पकड़ने और अन्य व्यावसायिक गतिविधियों से दूर रहने की सलाह दी गई है। इन तेज हवाओं के कारण समुद्री क्षेत्रों में बड़ा नुकसान हो सकता है। मौसम विभाग ने संभावित खतरों को ध्यान में रखते हुए सतर्क रहने का निर्देश दिया है।
भारत के कई राज्यों में मौसमी घटनाओं का बड़ा असर देखा जा रहा है। विशेष रूप से उत्तरी राज्यों में भारी बारिश की संभावना के कारण बाढ़ और जलभराव जैसी समस्याओं का खतरा बना हुआ है। मौसम विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को सतर्क रहने और प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी है।
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